WhatsApp Group

चंदूलाल चंद्राकर कोविड केयर हास्पिटल में भर्ती थीं, आज 98 आक्सीजन लेवल पर पूरी तरह स्वस्थ होकर घर लौटीं

रायपुर 7 मई 2021

दुर्ग जिले के प्रगति नगर भिलाई की श्रीमती पुष्पा तिवारी आज 28 दिनों बाद घर लौटीं। जब वे घर से कोविड हास्पिटल की ओर जा रही थीं तो उनके पैर कमजोरी की वजह से लड़खड़ा रहे थे, आज सधे कदमों से वे हास्पिटल से डिस्चार्ज होकर निकलीं। 

 जब वे एडमिट हुईं उनका आक्सीजन लेवल 65 था, अभी उनका आक्सीजन लेवल 98 तक पहुँच गया है। श्रीमती पुष्पा की उम्र अभी 65 साल की है। उन्हें शुगर और बीपी दोनों प्रकार की समस्याएं हैं। 8 साल पहले एंजियोप्लास्टी भी कराया है। इस लिहाज से उनकी रिकवरी शानदार है। इस संबंध में जानकारी देते हुए हास्पिटल के नोडल मेडिकल आफिसर डॉ. अनिल शुक्ला ने बताया कि पहले दिन वे काफी कमजोरी महसूस कर रही थीं। आक्सीजन सपोर्ट से और इनके संक्रमण के स्तर के मुताबिक मेडिसीन प्लान कर धीरे-धीरे इनकी स्थिति नियंत्रण में आई। इन्होंने बहुत अच्छी रिकवरी की है। अभी आज जब ये घर जा रही हैं इनका आक्सीजन लेवल 98 तक पहुँच गया है। उनके बेटे श्री अनमोल तिवारी ने बताया कि मम्मी का पूरा ध्यान अस्पताल प्रबंधन ने रखा। डॉक्टर तीन बार राउंड पर आते थे और मम्मी से तबियत पूछकर और इनकी रिपोर्ट देखकर आगे के प्लान के संबंध में निर्णय लेते थे। यहाँ आने के बाद मम्मी की स्थिति सुधरती गई। 

इसे भी पढ़ें  रायगढ़ : पंचायत सचिव श्रीमती भेषमती मांझी निलंबित

जब पहले दिन वे यहाँ आई थीं तो चल भी नहीं पा रही थीं। उनकी आरटीपीसीआर की रिपोर्ट 6 तारीख को आई थी और हमने 9 तारीख को हास्पिटल में एडमिट कराने संबंधित निर्णय लिया। अनमोल ने बताया कि हास्पिटल स्टाफ ने काफी सहयोग किया। खाने और नाश्ते की भी व्यवस्था अच्छी थी और कोविड मरीजों के अनुसार तैयार कराई जाती थी। यहाँ का अनुभव अच्छा रहा, हम सारे चिकित्सकों एवं मेडिकल स्टाफ के प्रति बहुत आभारी हैं। 

उल्लेखनीय है कि चंदूलाल चंद्राकर कोविड हास्पिटल में कोविड संक्रमण को देखते हुए जिला प्रशासन ने तेजी से आक्सीजन बेड्स तैयार कराये। हास्पिटल मैनेजमेंट के लिए अतिरिक्त मानव संसाधन उपलब्ध कराए तथा हास्पिटल की कमियों को दूर करने के लिए लगातार मानिटरिंग की। सही समय में आक्सीजन बेड्स की व्यवस्था उपलब्ध होने से और बेहतर मेडिसीन प्लानिंग की वजह से मरीजों के उचित देखभाल में काफी मदद मिली। 

कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे एवं आयुक्त श्री ऋतुराज रघुवंशी भी लगातार हास्पिटल में कोविड इलाज की मानिटरिंग करते रहे। हास्पिटल स्टाफ और चिकित्सकों ने रात-दिन जागकर मरीजों की सेवा की। मरीजों को ठीक करने में इन कोरोना वारियर का योगदान अभूतपूर्व रहा।

इसे भी पढ़ें  Kankali Mata Temple

512/तम्बोली

Source: http://dprcg.gov.in/